
बिलासपुर शहर में मंगलवार को उस समय अचानक अफरा-तफरी मच गई, जब नेहरू नगर स्थित साप्ताहिक सब्जी बाजार में खरीदारी और बिक्री के बीच करेलों के ढेर से एक जहरीला कोबरा बाहर निकल आया। बाजार में मौजूद लोग पहले तो कुछ समझ ही नहीं पाए, लेकिन कुछ ही सेकंड में सांप ने वहां सब्जियां छांट रहे एक युवक के पैर पर हमला कर दिया।
युवक के चिल्लाने की आवाज सुनते ही आसपास मौजूद दुकानदार और ग्राहक घबरा गए। देखते ही देखते पूरे बाजार में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। कई लोगों ने अपनी सब्जियां और सामान वहीं छोड़ दिया और सुरक्षित जगह की ओर भागने लगे। घटना के दौरान बाजार में बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे, जिससे कुछ देर के लिए पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया। घायल युवक को तुरंत स्थानीय लोगों और व्यापारियों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज चल रहा है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार युवक की हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक बाजार में सामान्य दिनों की तरह सब्जियों की खरीद-बिक्री चल रही थी। दुकानदार अपने-अपने ठेलों और दुकानों पर ग्राहकों को सब्जियां दे रहे थे। इसी दौरान एक युवक करेले के ढेर में रखी सब्जियों को अलग कर रहा था। अचानक सब्जियों के नीचे छिपा कोबरा तेजी से बाहर निकला और उसने युवक के पैर में डस लिया। घटना इतनी तेजी से हुई कि आसपास मौजूद लोगों को प्रतिक्रिया देने का भी मौका नहीं मिला। सांप को देखते ही लोग इधर-उधर भागने लगे। कुछ दुकानदारों ने शोर मचाकर अन्य लोगों को सावधान किया, जबकि कई लोगों ने दूरी बनाकर सांप पर नजर रखना शुरू कर दिया। बाजार में कुछ समय तक किसी को यह समझ नहीं आया कि सांप किस दिशा में गया है। इसी वजह से लोगों में डर और बढ़ गया।
घायल युवक को पहले प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से उसे बेहतर इलाज के लिए छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) रेफर कर दिया गया। अस्पताल के चिकित्सकों ने तत्काल उसका उपचार शुरू किया। डॉक्टरों के अनुसार सांप के काटने के बाद समय पर अस्पताल पहुंचना सबसे महत्वपूर्ण होता है, इसलिए मरीज को बिना देरी इलाज उपलब्ध कराया गया। अस्पताल प्रशासन की ओर से उसकी स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। युवक के परिजन भी अस्पताल पहुंच गए हैं और डॉक्टरों से लगातार स्वास्थ्य संबंधी जानकारी ले रहे हैं। फिलहाल मेडिकल टीम आवश्यक उपचार और निगरानी की प्रक्रिया में जुटी हुई है।
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों ने वन विभाग और स्थानीय प्रशासन को भी जानकारी दी। बताया जा रहा है कि बरसात के मौसम में आसपास की झाड़ियों और खाली स्थानों में पानी भर जाने के कारण जहरीले सांप अक्सर सुरक्षित जगहों की तलाश में रिहायशी इलाकों और बाजारों तक पहुंच जाते हैं। प्रारंभिक आशंका यही जताई जा रही है कि यह कोबरा भी पास की झाड़ियों से निकलकर सब्जियों के ढेर में छिप गया होगा। सब्जियों के बीच लंबे समय तक छिपे रहने के कारण किसी की उस पर नजर नहीं पड़ी। जैसे ही सब्जियों को हटाया गया, उसने खुद को खतरे में महसूस किया और हमला कर दिया। वन विभाग के अधिकारी पूरे मामले की जानकारी जुटा रहे हैं और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि सांप बाद में किस दिशा में चला गया।
घटना के बाद बाजार में कुछ समय तक कारोबार पूरी तरह प्रभावित रहा। कई दुकानदारों ने एहतियात के तौर पर अपनी दुकानों के आसपास रखी बोरियां, टोकरियां और सब्जियों के ढेर की जांच शुरू कर दी। ग्राहकों में भी डर का माहौल दिखाई दिया। कुछ लोग बिना खरीदारी किए ही बाजार से लौट गए। स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि बरसात के मौसम में इस तरह की घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है, इसलिए बाजार परिसर और आसपास के क्षेत्रों की नियमित सफाई और झाड़ियों की कटाई जरूरी है। उनका कहना है कि खुले स्थानों पर जमा कचरा और घनी झाड़ियां जहरीले जीवों के छिपने की जगह बन जाती हैं।
इस घटना का वीडियो भी कुछ ही देर में सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगा। वीडियो में बाजार में मची अफरा-तफरी और लोगों की घबराहट साफ दिखाई दे रही है। कई लोग मोबाइल फोन से पूरी घटना रिकॉर्ड करते नजर आए। सोशल मीडिया पर वीडियो साझा करते हुए लोग बरसात के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की अपील कर रहे हैं। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि यदि किसी स्थान पर सांप दिखाई दे तो उसे पकड़ने या मारने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। ऐसी स्थिति में तुरंत वन विभाग या प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम को सूचना देना सबसे सुरक्षित तरीका माना जाता है। उधर बाजार में घटना के बाद पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है और आसपास के इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
