नई दिल्ली: देश में पिछले कई दिनों से जारी छात्रों के भारी विरोध और राजनीतिक दबाव के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आखिरकार अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। धर्मेंद्र प्रधान ने अपना त्यागपत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर 20 जून से ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) और विभिन्न छात्र संगठनों के नेतृत्व में लगातार प्रदर्शन किया जा रहा था, जिनकी प्रमुख मांग शिक्षा मंत्री का पद छोड़ना था।
अभिजीत दिपके और उनके समर्थक दिल्ली के जंतर-मंतर पर धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का जश्न मना रहे हैं। विरोध स्थल पर खुशी का माहौल है।
#WATCH | Delhi: Moment when Union Education Minister Dharmendra Pradhan resigned from his post; visuals from the protest at Jantar Mantar pic.twitter.com/6YNf9LN3bN
— ANI (@ANI) July 25, 2026
धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफे पर क्या कहा?
सोशल मीडिया और पत्र के जरिए अपनी बात रखते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि वह पिछले चार दशकों से अधिक समय से छात्र, शिक्षक और शिक्षा सुधार के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने लिखा:
“3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा में गड़बड़ी की शिकायतें मिलने पर सरकार ने तुरंत सीबीआई जांच के आदेश दिए थे और परीक्षा रद्द कर दोबारा कराने का फैसला लिया। लेकिन कुछ लोग जिम्मेदार पदों पर बैठकर छात्रों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। जंतर-मंतर की स्थिति का कोई राष्ट्र-विरोधी तत्व फायदा न उठाए और छात्रों का भविष्य कानूनी उलझनों में न फंसे, इसलिए मैंने पद छोड़ने का निर्णय लिया है।”
जंतर-मंतर पर जश्न, छात्र संगठनों की नई मांगें
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की खबर आते ही जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों और कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाना शुरू कर दिया। कॉकरोच जनता पार्टी के प्रमुख अभिजीत दीपके ने इस फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा:
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न्याय की मांग: “यह लोकतंत्र की जीत है। हमने दिखाया कि जनता के दबाव के आगे सरकार को झुकना ही पड़ता है।”
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मुआवजे की मांग: प्रदर्शनकारियों ने मांग रखी कि परीक्षा के तनाव और अवसाद के कारण आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए।
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पुलिस कार्रवाई पर सवाल: छात्रों पर हुए लाठीचार्ज और पुलिसिया कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त एक्शन की मांग की गई है।
- मुख्य बिंदु: NEET-UG विवाद और सरकार के कदमबिंदुविवरणविवाद का कारणNEET-UG परीक्षा 2026 में कथित अनियमितताएं और लीकजांच एजेंसीपूरे मामले की जांच सीबीआई (CBI) को सौंपी गई है, भविष्य की योजनाआगामी वर्ष से NEET परीक्षा पूरी तरह कंप्यूटर आधारित (CBT) मोड में आयोजित होगी, राजनीतिक हलचल , कांग्रेस सहित प्रमुख विपक्षी दलों ने छात्रों की मांगों का समर्थन किया
