-500 रेस्क्यू किए गए कुत्ते ऐसी शेल्टर में रहेंगे, जो अपनी जरूरत की पूरी बिजली खुद पैदा करती है
गुरुग्राम, 25th अगस्त 2026 : दो एकड़ में फैले 500 रेस्क्यू किए गए कुत्तों के लिए बनाए गए एनिमल शेल्टर होम का आज उद्घाटन किया गया. यह पशुओं की देखभाल से जुड़ा भारत का पहली नेट ज़ीरो एनिमल शेल्टर होम है. इस शेल्टर होम में बिजली कैसे बनेगी और कैसे इस्तेमाल होगी इस सबकी डिजाइनिंग का काम भारत की तेज़ी पहली नेट ज़ीरो कंपनी Bootes Infrastructure Ltd. ने किया है.
इस शेल्टर होम का उद्घाटन भारत सरकार की पूर्व विदेश राज्य मंत्री एवं पूर्व संस्कृति राज्य मंत्री श्रीमती मीनाक्षी लेखी ने किया.
उद्घाटन के अवसर पर श्रीमती लेखी ने कहा, “दया और करुणा ही दुनिया को आगे बढ़ाती हैं . भारतीय संस्कृति में हमेशा से पशुओं और पर्यावरण, दोनों के प्रति सम्मान का भाव रहा है. हमारे लिए ये दो अलग-अलग जिम्मेदारियां नहीं, बल्कि एक ही जिम्मेदारी हैं. यह नेट ज़ीरो एनिमल शेल्टर होम सेवा और भारतीय इंजीनियरिंग की मिसाल पेश करता है . यह प्रधानमंत्री के नेट ज़ीरो भारत के विजन के अनुरूप है और दिखाता है कि यह प्रतिबद्धता उन जीवों से भी शुरू हो सकती है, जिनकी आवाज़ सबसे कम सुनी जाती है. मैं पूरी टीम को बधाई देती हूँ.”
इस शेल्टर होम का संचालन Wagging Tales Foundation द्वारा किया जाता है. भारत की पहली नेट ज़ीरो इंजीनियरिंग कंपनी Bootes Infrastructure Ltd. ने यहां ऐसा ऊर्जा डिजाइन तैयार किया है, जिससे यह सुविधा नेट ज़ीरो स्तर तक पहुंची है. इसमें एक एकड़ एरिया में सौर ऊर्जा उत्पादन के साथ-साथ इमारत में आने वाली गर्मी को काफी कम करने के उपाय किए गए हैं.
कूलिंग और लाइटिंग की सुविधा उन क्षेत्रों में विशेष रूप से उपलब्ध कराई गई है, जहां पशुओं के कल्याण के लिए इसकी सबसे अधिक जरूरत है. इनमें ऑपरेशन थिएटर, इलाज की जगह , लकवाग्रस्त एवं चलने-फिरने में असमर्थ कुत्तों का सेक्शन और प्रशासनिक ब्लॉक शामिल हैं.
अब जो पशु खुद गर्मी से बचने के लिए छांव में नहीं जा सकते, उन्हें दिल्ली-एनसीआर की गर्मियों के दौरान तापमान नियंत्रित वातावरण में रखा जा सकेगा. आश्रय की प्रमुख सुश्री मालविका ने कहा कि इस बदलाव का असर दो स्तरों पर महसूस किया गया है.
उन्होंने कहा, “हमारा बिजली का बिल काफी कम हो गया है और दान के सहारे चलने वाले आश्रय के लिए बचने वाला पैसा सीधे भोजन, दवाइयों और इलाज पर खर्च किया जा सकता है. लेकिन इससे भी बड़ी बात गर्व की है. हमारा आश्रय अब पशुओं के साथ-साथ पर्यावरण की भी मदद कर रहा है. एक ही जगह सेवा और बेहतरीन इंजीनियरिंग समाधान का संगम हुआ है.”
Bootes Infrastructure Ltd. के संस्थापक एवं प्रबंध निदेशक श्री दीपक राय ने कहा, “जो पशु चल नहीं सकता. वह खुद चलकर छांव में नहीं जा सकता. इसी को ध्यान में रखते हुए इस एनिमल शेल्टर होम को ठंडा रखने का इंतज़ाम किया गया है. हमने भारत की पहली नेट ज़ीरो लाइब्रेरी और संग्रहालय बनाए हैं, लेकिन पहली बार हमने पशुओं के लिए भारत का पहला नेट ज़ीरो शेल्टर होम तैयार किया है . इस एनिमल शेल्टर होम को बनाने पर हमें सबसे ज्यादा खुशी हुई है.”
Bootes Infrastructure Ltd. इससे पहले झांसी में दुनिया की पहली नेट ज़ीरो लाइब्रेरी, नई दिल्ली में प्रधानमंत्री संग्रहालय और गांधी स्मृति जैसी परियोजनाओं पर काम कर चुकी है. कंपनी के पास विश्व बैंक समूह की IFC-EDGE Advanced Certification भी है.
दोनों संस्थाओं ने कहा कि इस सुविधा को एक ऐसे कार्यशील मॉडल के रूप में विकसित किया गया है. इससे भारत के दूसरे एनिमल शेल्टर होम सीख ले सकते हैं और अपनी जरूरत के अनुसार इसे अपना सकते हैं.
मीडिया संपर्क
Bootes Infrastructure Ltd. — info@bootes.in | www.bootes.in
Wagging Tales Foundation — www.waggingtalesfoundation.org
