दाऊदी बोहरा समुदाय के लिए रायपुर में आज 10 अगस्त का दिन खास होने जा रहा है। विश्वभर के दाऊदी बोहरा समुदाय के 53वें धर्मगुरु सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन साहब मुंबई से रायपुर पहुंचेंगे। करीब एक दशक के लंबे अंतराल के बाद उनके शहर आगमन को लेकर समाज के लोगों में खासा उत्साह है। उनके स्वागत की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं और बड़ी संख्या में समाज के सदस्य कम्युनिटी सेंटर में एकत्र होकर उनका इस्तकबाल करेंगे।
सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन साहब के स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पहुंचने के बाद रायपुर में उनका प्रवास प्रस्तावित है। इस दौरान वे दाऊदी बोहरा समाज के सदस्यों से मुलाकात और संवाद करेंगे। उनके आगमन को लेकर खासकर परिवारों, बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है।
आस्था से लेकर सामाजिक जिम्मेदारी तक देंगे संदेश
रायपुर प्रवास के दौरान सैयदना साहब समाज के लोगों को आस्था, सामाजिक जिम्मेदारी और समाज व राष्ट्र की सेवा से जुड़े विषयों पर मार्गदर्शन देंगे। समुदाय के सदस्य लंबे समय से अपने धर्मगुरु के रायपुर आगमन का इंतजार कर रहे थे। ऐसे में उनके साथ प्रत्यक्ष मुलाकात को समाज के लिए महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।
आमानाका में मस्जिद उद्घाटन की भी चर्चा
सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन साहब के प्रवास के दौरान आमानाका में नवनिर्मित मस्जिद के उद्घाटन का कार्यक्रम भी प्रस्तावित बताया जा रहा है। हालांकि, इस कार्यक्रम को लेकर अंतिम आधिकारिक जानकारी संबंधित स्तर से सामने आना बाकी है।
बच्चों और युवाओं में भी उत्साह
रायपुर दाऊदी बोहरा समाज के मीडिया समन्वयक इदरीस हैदरी के अनुसार, पिछले करीब दस वर्षों में सैयदना साहब का यह पहला रायपुर दौरा है। लंबे समय बाद धर्मगुरु के शहर पहुंचने से समाज के परिवारों में खुशी का माहौल है। उन्होंने बताया कि बच्चों और युवाओं के लिए अपने धर्मगुरु से रायपुर में सीधे मिलने का अवसर विशेष महत्व रखता है।
देश-विदेश में समाज के बीच करते हैं संवाद
सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन साहब भारत के साथ-साथ दुनिया के विभिन्न देशों में बसे दाऊदी बोहरा समुदाय के सदस्यों से संवाद करते हैं। उनकी यात्राओं में धार्मिक मार्गदर्शन के साथ शिक्षा, सामाजिक जिम्मेदारी, आर्थिक सशक्तीकरण और जरूरतमंदों की सेवा जैसे विषयों पर भी विशेष जोर रहता है।
समुदाय के बीच उनके प्रवास को केवल धार्मिक मार्गदर्शन तक सीमित नहीं माना जाता, बल्कि स्थानीय सामाजिक गतिविधियों और सेवा कार्यों को प्रोत्साहन देने के अवसर के रूप में भी देखा जाता है।
रायपुर में 400 से अधिक बोहरा परिवार
रायपुर में दाऊदी बोहरा समुदाय के 400 से अधिक परिवार रहते हैं। समाज के लोग हार्डवेयर, कृषि उपकरण, प्रिंटिंग, कपड़ा और अन्य व्यवसायों से जुड़े हुए हैं। करीब दस साल बाद अपने धर्मगुरु के रायपुर आगमन को लेकर समाज के सदस्यों में उत्साह है और उनके स्वागत के लिए व्यापक तैयारियां की जा रही हैं।
