
रायपुर शहर में धार्मिक नेतृत्व को लेकर अहम फैसला लिया गया है। शहर के नए क़ाज़ी के रूप में हाफिज व कारी अल्हाज मौलाना इमरान अशरफी साहब, खतीबो इमाम, जामा मस्जिद, बैरन बाज़ार रायपुर की नियुक्ति की गई है। वे वर्तमान में बैरन बाजार मस्जिद में इमाम के तौर पर सेवाएं दे रहे हैं और अब उन्हें यह नई जिम्मेदारी सौंपी गई है।
यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब पूर्व शहर क़ाज़ी आरिफ अली फारूकी को हाल ही में वक्फ बोर्ड ने पद से हटा दिया था।
बताया जा रहा है कि शहर की कई मस्जिदों के इमामों और मौलानाओं ने इस मुद्दे को लेकर बैठक की थी। बैठक में आरिफ अली फारूकी को पद से हटाने का प्रस्ताव पारित किया गया, जिसे बाद में वक्फ बोर्ड ने स्वीकार कर कार्रवाई की।
आरिफ अली फारूकी को यह पद उनके पिता के निधन के बाद सौंपा गया था, लेकिन विवादों के चलते उनका कार्यकाल अचानक समाप्त हो गया।
वहीं, कारी इमरान अशरफी की नियुक्ति को लेकर समुदाय में सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। लोगों को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में धार्मिक कार्यों का संचालन बेहतर तरीके से होगा और समाज में विश्वास मजबूत होगा।
