
निजी क्षेत्र के दिग्गज बैंक HDFC Bank एक बड़े विवाद में घिर गया है। मीडिया रिपोर्ट्स और ऑडिट दस्तावेजों के हवाले से दावा किया गया है कि बैंक ने महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम (MSRDC) से बड़ी जमा राशि हासिल करने के लिए कथित तौर पर 45 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भुगतान किया। इस खुलासे के बाद बैंक के शेयरों में तेज गिरावट दर्ज की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, बैंक ने इन भुगतानों को “मार्केटिंग खर्च” के रूप में दिखाकर छिपाने की कोशिश की। आरोप है कि यह रकम विभाग को बैंक में बड़ी जमा राशि रखने के लिए प्रोत्साहन के तौर पर दी गई थी, जबकि बैंकिंग नियम ऐसे अलग-अलग लाभ देने की अनुमति नहीं देते।
मामले में बैंक के शीर्ष प्रबंधन की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ऑडिट रिपोर्ट में दावा किया गया है कि बैंक के एमडी और सीईओ Sashidhar Jagdishan इन भुगतानों की जानकारी रखते थे। हालांकि, इन आरोपों पर बैंक की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, खबर सामने आने के बाद बुधवार को एचडीएफसी बैंक के शेयर करीब 2 फीसदी तक टूट गए। सुबह के कारोबार में शेयर 764.20 रुपये तक पहुंच गया। पिछले कुछ महीनों में भी बैंक के शेयर दबाव में रहे हैं। 19 मार्च से अब तक इसमें करीब 9.5 फीसदी की गिरावट आ चुकी है।
इससे पहले बैंक के अंशकालिक चेयरमैन Atanu Chakraborty के अचानक इस्तीफे ने भी बैंक की कार्यप्रणाली और कॉर्पोरेट गवर्नेंस पर सवाल खड़े किए थे। उन्होंने अपने इस्तीफे में कहा था कि बैंक की कुछ कार्यप्रणालियां उनके “व्यक्तिगत मूल्यों और नैतिकता” के अनुरूप नहीं थीं।
हालांकि, रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बैंक द्वारा नियुक्त कानूनी फर्मों की शुरुआती समीक्षा में अब तक प्रक्रियाओं में कोई बड़ी अनियमितता सामने नहीं आई है। फिलहाल पूरे मामले पर निवेशकों और बाजार की नजर बनी हुई है।
