अमेरिका के नए भारत में राजदूत सर्जियो गोर ने आज नई दिल्ली में पदभार संभाल लिया। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब न डोनाल्ड ट्रंप लगातार भारत को लेकर बयान दे रहे हैं।
गोर ने कहा कि अमेरिका के लिए भारत से ज्यादा जरूरी कोई देश नहीं है। उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप को लेकर कहा कि “सच्चे दोस्त असहमत हो सकते हैं, लेकिन वे हमेशा अपने मतभेद सुलझा लेते हैं।”
दोनों देशों के बीच जारी को लेकर उन्होंने कहा कि अगली दौर की वार्ता कल यानी 13 जनवरी को होगी। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि डोनाल्ड ट्रंप अगले साल भारत का दौरा कर सकते हैं।
पत्रकारों से बातचीत में गोर ने कहा कि अमेरिका के लिए भारत से ज्यादा महत्वपूर्ण कोई साझेदार नहीं है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में यह द्विपक्षीय रिश्ता इस सदी की सबसे अहम साझेदारी बन सकता है।
उन्होंने आगे कहा, “भारत दुनिया का सबसे बड़ा देश है, इसलिए इस समझौते को अंतिम रूप देना आसान नहीं है, लेकिन हम इसमें पूरी तरह से जुटे हैं।” साथ ही उन्होंने बताया कि दोनों देश सुरक्षा, आतंकवाद विरोध, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों में भी करीबी सहयोग कर रहे हैं।
गोर ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच दोस्ती सच्ची है। सच्चे दोस्त मतभेद कर सकते हैं, लेकिन अंत में वे हमेशा अपने मतभेद सुलझा ही लेते हैं।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब कुछ दिन पहले अमेरिकी अधिकारियों ने समझौते में देरी के लिए भारत को जिम्मेदार ठहराया था, जिसे भारत ने सिरे से खारिज कर दिया।
इसके अलावा, गोर ने कहा कि भारत को अमेरिका की अगुवाई वाली पहल पैक्स सिलिका (Pax Silica) में शामिल होने का निमंत्रण दिया जाएगा, जो प्रौद्योगिकी और सप्लाई चेन से जुड़ी रणनीतिक पहल है। कुल मिलाकर, नए राजदूत ने दिल्ली में मीडिया को संबोधित करते हुए भारत में आने पर गर्व और सम्मान की भावना जाहिर की और द्विपक्षीय रिश्तों के उज्ज्वल भविष्य पर भरोसा जताया।
