देशराजनीति

कांग्रेस की ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली की तैयारी तेज, 20 समितियों का गठन; 10 लाख लोगों को जुटाने का लक्ष्य

दिल्ली में कांग्रेस ने 1 नवंबर को रामलीला मैदान में होने वाली ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली को सफल बनाने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। रैली के आयोजन की जिम्मेदारी संभालने के लिए पार्टी ने 20 समितियों का गठन किया है। कांग्रेस को इस रैली में 10 लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।

दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ रामलीला मैदान का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान मंच व्यवस्था, सुरक्षा, पार्किंग, पेयजल, बैठने की व्यवस्था और मीडिया प्रबंधन सहित सभी जरूरी इंतजामों की समीक्षा की गई। उन्होंने संबंधित नेताओं और कार्यकर्ताओं को आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाएं बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

देवेंद्र यादव ने कहा कि ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली केवल कांग्रेस का राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की आवाज है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में मताधिकार की निष्पक्षता और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कांग्रेस जनता के वोट और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष कर रही है।

10 लाख लोगों के पहुंचने की उम्मीद
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि रैली में देश के अलग-अलग हिस्सों से 10 लाख से अधिक लोगों के पहुंचने की संभावना है। इसके लिए व्यापक स्तर परतैयारियां की जा रही हैं। 20 समितियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जो आयोजन स्थल की व्यवस्था, लोगों के आगमन, बैठने और बुनियादी सुविधाओं का प्रबंधन करेंगी।

छात्र संगठन भी रैली में होंगे शामिल
देवेंद्र यादव ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में संविधान और लोकतंत्र बचाने के अभियान से गरीब, मजदूर, किसान और पेशेवर वर्ग के लोग जुड़ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि छात्र संगठनों ने भी रैली में शामिल होने की घोषणा की है। यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा की नीतियों से छात्रों की अभिव्यक्ति और विचारों की आजादी प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि छात्र एसआईआर प्रक्रिया और कथित वोट चोरी के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं।

वोट चोरी के खिलाफ आंदोलन जारी रखने का ऐलान
देवेंद्र यादव ने कहा कि वोट की रक्षा की लड़ाई किसी एक राजनीतिक दल की नहीं, बल्कि देश के प्रत्येक नागरिक के मताधिकार की लड़ाई है। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी निशाना साधा और कहा कि कांग्रेस का आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक वह अपने पद से इस्तीफा नहीं देते और भाजपा उन्हें जेल नहीं भेज देती।

रामलीला मैदान के निरीक्षण के दौरान दिल्ली कांग्रेस प्रभारी काजी निजामुद्दीन, महासचिव अनिल भारद्वाज, सीडब्ल्यूसी सदस्य एन. रघुवीर रेड्डी, पूर्व मंत्री हारून यूसुफ, पूर्व मेयर फरहाद सूरी, मुदित अग्रवाल और जिला अध्यक्ष मोहम्मद उस्मान सहित कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे

Source Link

Related posts

1 अप्रैल 2025 से बदल जाएंगे ये 10 बड़े नियम, जानिए आपकी जेब पर क्या पड़ेगा असर

अगले 5 साल में बस्तर देश का सबसे विकसित संभाग होगा : केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह

दुर्ग सांसद विजय बघेल ने संसद में उठाया मानव तस्करी का मामला

Leave a Comment

error: Content is protected !!